झारखंड में मानसून की दस्तक अब बेहद करीब, 10 जून तक तेज आंधी-बारिश के आसार; मौसम विभाग का येलो अलर्ट जारी
रांची, 06 जून। झारखंडवासियों को भीषण गर्मी और उमस से जल्द राहत मिलने वाली है। राजधानी रांची समेत पूरे राज्य में दक्षिण-पश्चिम मानसून की आहट साफ सुनाई देने लगी है। मौसम विभाग के अनुसार झारखंड में प्री-मानसून गतिविधियां पूरी तरह सक्रिय हो चुकी हैं और अगले कुछ दिनों में मौसम का मिजाज तेजी से बदलने वाला है। राज्य के विभिन्न जिलों में काले एवं घने बादलों का जमावड़ा शुरू हो गया है, जबकि वातावरण में नमी बढ़ने से गर्मी के साथ उमस भी लोगों को परेशान कर रही है।
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार रविवार से लेकर 10 जून तक राज्य के अधिकांश हिस्सों में गर्जन, वज्रपात, तेज हवाओं और बारिश की गतिविधियों में उल्लेखनीय वृद्धि होने की संभावना है। इसे देखते हुए विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है तथा लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
40 से 50 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से चल सकती हैं तेज हवाएं
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि रांची सहित राज्य के कई जिलों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। इसके साथ ही गरज-चमक और वज्रपात की घटनाएं भी हो सकती हैं। कई स्थानों पर मध्यम से भारी बारिश दर्ज किए जाने की संभावना है।
विशेषज्ञों का कहना है कि प्री-मानसून गतिविधियों के कारण मौसम में अचानक बदलाव देखने को मिल सकता है। दिन में तेज धूप और उमस के बाद शाम या रात में तेज आंधी और बारिश की स्थिति बन सकती है। ऐसे में किसानों, यात्रियों और खुले स्थानों पर कार्य करने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।
अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में तेजी से आगे बढ़ रहा मानसून
मौसम विभाग के ताजा आकलन के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मानसून पश्चिमी मध्य एवं पूर्वी मध्य अरब सागर के बड़े हिस्से तक पहुंच चुका है। इसके अलावा मानसून ने कर्नाटक, गोवा, महाराष्ट्र के कई हिस्सों, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु तथा दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के अधिकांश क्षेत्रों को भी कवर कर लिया है।
मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि अनुकूल परिस्थितियां बनी रहने पर अगले तीन दिनों के भीतर मानसून पश्चिम बंगाल पहुंच सकता है। इसके बाद इसका झारखंड की ओर तेजी से आगे बढ़ना लगभग तय माना जा रहा है। यदि वर्तमान परिस्थितियां बनी रहती हैं तो राज्य में मानसून के आगमन का मार्ग पूरी तरह प्रशस्त हो जाएगा।
किसानों के लिए राहत की खबर
मानसून की संभावित दस्तक को लेकर राज्य के किसानों में उत्साह देखा जा रहा है। खरीफ फसलों की तैयारी में जुटे किसान लंबे समय से अच्छी बारिश का इंतजार कर रहे हैं। मानसून के आगमन से धान की रोपाई और अन्य कृषि गतिविधियों को गति मिलेगी। कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि समय पर मानसून पहुंचने से खेती-किसानी को बड़ा लाभ होगा और जलाशयों, तालाबों तथा भूजल स्तर में भी सुधार देखने को मिलेगा।
गर्मी से मिलेगी राहत, लेकिन सतर्कता जरूरी
पिछले कई दिनों से झारखंड के विभिन्न हिस्सों में तापमान और उमस के कारण लोगों का जनजीवन प्रभावित हो रहा है। मौसम विभाग का अनुमान है कि आगामी बारिश के बाद तापमान में गिरावट आएगी और लोगों को गर्मी से काफी राहत मिलेगी। हालांकि विभाग ने वज्रपात और तेज हवाओं को देखते हुए लोगों से खराब मौसम के दौरान पेड़ों के नीचे खड़े नहीं होने, खुले मैदानों से दूर रहने तथा सुरक्षित स्थानों पर शरण लेने की अपील की है।
मौसम विभाग की सलाह
- खराब मौसम के दौरान अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें।
- आकाशीय बिजली की चेतावनी मिलने पर खुले स्थानों से दूर रहें।
- किसान खेतों में कार्य करते समय मौसम की ताजा जानकारी लेते रहें।
- तेज हवा और बारिश के दौरान कमजोर संरचनाओं तथा पेड़ों से दूरी बनाए रखें।
- बिजली उपकरणों का उपयोग सावधानीपूर्वक करें।
झारखंड में मानसून के आगमन की उल्टी गिनती शुरू हो चुकी है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार अगले कुछ दिन राज्य के मौसम के लिए बेहद महत्वपूर्ण साबित होंगे। यदि परिस्थितियां अनुकूल बनी रहीं तो जल्द ही मानसून की पहली बारिश राज्यवासियों को तपती गर्मी से बड़ी राहत दे सकती है।
Reviewed by PSA Live News
on
6:38:00 pm
Rating:

कोई टिप्पणी नहीं: