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ब्राह्मण समाज के उत्थान के लिए शिक्षा, संस्कार और रोजगार सबसे बड़ी आवश्यकता : डॉ. सुनील शर्मा

विप्र फाउंडेशन झारखंड इकाई का भव्य शपथ ग्रहण समारोह रांची में संपन्न, समाज को संगठित और सशक्त बनाने का लिया गया संकल्प


रांची।
ब्राह्मण समाज के सर्वांगीण विकास, सामाजिक एकता, शिक्षा के प्रसार और युवाओं को रोजगार के अवसरों से जोड़ने के उद्देश्य से विप्र फाउंडेशन झारखंड जोन-6 का शपथ ग्रहण समारोह रविवार को राजधानी रांची के मारवाड़ी भवन स्थित सभागार में भव्य रूप से आयोजित किया गया। समारोह में देशभर से आए संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, बुद्धिजीवियों तथा बड़ी संख्या में समाज के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एवं विप्र फाउंडेशन के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री सीए डॉ. सुनील शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि किसी भी समाज की प्रगति उसकी शिक्षा, संस्कार और आर्थिक मजबूती पर निर्भर करती है। यदि समाज के युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, रोजगार के अवसर और सही दिशा-निर्देश उपलब्ध कराए जाएं तो वह समाज ही नहीं बल्कि पूरे राष्ट्र के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

उन्होंने कहा कि आज आवश्यकता केवल सामाजिक आयोजनों तक सीमित रहने की नहीं है, बल्कि समाज के कमजोर वर्गों तक पहुंचकर उन्हें आगे बढ़ाने की है। विप्र फाउंडेशन देशभर में शिक्षा, स्वास्थ्य, सामाजिक जागरूकता तथा युवा सशक्तिकरण के क्षेत्र में लगातार कार्य कर रहा है और झारखंड में भी इस दिशा में व्यापक अभियान चलाया जाएगा।

डॉ. शर्मा ने कहा कि जब समाज का एक बच्चा सामूहिक सहयोग से पढ़-लिखकर अच्छी नौकरी या प्रतिष्ठित स्थान प्राप्त करता है, तब वह स्वयं भी समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी महसूस करता है। ऐसे युवाओं की संख्या बढ़ने से समाज आर्थिक रूप से मजबूत होगा और जब समाज मजबूत होगा तभी राष्ट्र भी सशक्त बनेगा। उन्होंने युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी, कौशल विकास और आत्मनिर्भरता की दिशा में प्रेरित करने की आवश्यकता पर विशेष बल दिया।

इससे पूर्व राष्ट्रीय संगठन महामंत्री डॉ. सुनील शर्मा का सुबह रांची के बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पर भव्य स्वागत किया गया। झारखंड प्रदेश संगठन महामंत्री प्रदीप कुमार शर्मा, बबलू हरित, संयुक्त सचिव अमित मणि शर्मा सहित अन्य पदाधिकारियों ने पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका अभिनंदन किया।

कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। इसके बाद विप्र फाउंडेशन की महिला सदस्यों द्वारा गणेश वंदना और विप्र गीत की सुमधुर प्रस्तुति दी गई, जिसने पूरे सभागार को आध्यात्मिक और सांस्कृतिक वातावरण से सराबोर कर दिया।

विप्र फाउंडेशन के क्षेत्रीय प्रभारी पुरुषोत्तम शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि वर्तमान समय समाज को संगठित करने और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का है। उन्होंने कहा कि संगठित समाज ही देश को नई दिशा देने में सक्षम होता है और विप्र फाउंडेशन इसी लक्ष्य के साथ कार्य कर रहा है।

क्षेत्रीय संगठन महामंत्री शरद शर्मा ने कहा कि युवा पीढ़ी में संस्कार, नैतिक मूल्यों और रोजगारपरक शिक्षा का विकास समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि केवल डिग्री प्राप्त कर लेना पर्याप्त नहीं है, बल्कि युवाओं को रोजगार के लिए तैयार करना और उन्हें समाज के प्रति जिम्मेदार बनाना भी जरूरी है।

विप्र फाउंडेशन झारखंड प्रदेश अध्यक्ष जय प्रकाश शर्मा ने शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि समाज के आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराना संगठन की प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि आरटीई अधिनियम के तहत पात्र बच्चों को अच्छे विद्यालयों में प्रवेश दिलाने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। साथ ही दसवीं और बारहवीं कक्षा के विद्यार्थियों के लिए करियर काउंसलिंग कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, ताकि वे अपनी रुचि और क्षमता के अनुरूप भविष्य का चयन कर सकें।

उन्होंने कहा कि समाज के प्रत्येक सक्षम व्यक्ति को जरूरतमंद विद्यार्थियों की शिक्षा में सहयोग देना चाहिए। शिक्षा ही वह माध्यम है जो किसी भी परिवार और समाज की दिशा बदल सकता है।

समारोह के दौरान विप्र फाउंडेशन के संस्थापक एवं संयोजक "विप्र गौरव" भाई सुशील ओझा का 60वां जन्मदिवस भी बड़े उत्साह और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। उपस्थित पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने सामूहिक रूप से केक काटकर उन्हें शुभकामनाएं दीं तथा उनके दीर्घायु और स्वस्थ जीवन की कामना की।

कार्यक्रम का सबसे महत्वपूर्ण आकर्षण झारखंड प्रदेश कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण और नई समितियों की घोषणा रही। इस अवसर पर झारखंड प्रदेश समिति के साथ-साथ रांची, रामगढ़, चाईबासा, जमशेदपुर और सिमडेगा चैप्टर की नई कार्यकारिणियों की घोषणा की गई। सभी नव-नियुक्त पदाधिकारियों ने संगठन की नीतियों और उद्देश्यों के अनुरूप समाज सेवा का संकल्प लिया।

कार्यक्रम का संचालन शशांक भारद्वाज और अमित मणि शर्मा ने संयुक्त रूप से किया। दोनों ने संगठन की गतिविधियों और भावी योजनाओं की जानकारी देते हुए उपस्थित जनसमूह को संगठन से जुड़कर समाजहित में कार्य करने का आह्वान किया।

समारोह में राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य निरंजन शर्मा, सांवरलाल शर्मा, पवन शर्मा, अजय दधीचि, प्रमोद सारस्वत सहित अनेक वरिष्ठ पदाधिकारी उपस्थित रहे। इसके अलावा डॉ. राजकुमार शर्मा, ललित शर्मा, अमर शर्मा, राहुल वशिष्ठ, संजीव शर्मा, श्यामलाल शर्मा, अरुण शर्मा, रामगोपाल शर्मा, राजेश कौशिक, रमन शर्मा, रमेश शर्मा, लक्ष्मीचंद्र दीक्षित, कमल शर्मा (रामगढ़), दिनेश शर्मा, प्रभा शर्मा, उमंग जोशी, रेखा शर्मा, पिंकी शर्मा, सोनल खंडेलवाल सहित बड़ी संख्या में समाज के गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

समारोह के अंत में झारखंड प्रदेश संगठन महामंत्री प्रदीप कुमार शर्मा ने सभी अतिथियों, पदाधिकारियों, समाजसेवियों और उपस्थित सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि विप्र फाउंडेशन सामाजिक समरसता, शिक्षा, संस्कार, युवा सशक्तिकरण और समाज के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर कार्य करता रहेगा। आभार ज्ञापन के साथ ही कार्यक्रम के सफल समापन की घोषणा की गई।

यह समारोह केवल शपथ ग्रहण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि समाज को नई दिशा देने, युवाओं को अवसर प्रदान करने और शिक्षा व संस्कार आधारित सशक्त समाज के निर्माण का एक महत्वपूर्ण संकल्प सम्मेलन बनकर उभरा। उपस्थित लोगों ने विश्वास व्यक्त किया कि विप्र फाउंडेशन आने वाले समय में झारखंड में सामाजिक जागरूकता और संगठनात्मक मजबूती का नया अध्याय लिखेगा।

ब्राह्मण समाज के उत्थान के लिए शिक्षा, संस्कार और रोजगार सबसे बड़ी आवश्यकता : डॉ. सुनील शर्मा ब्राह्मण समाज के उत्थान के लिए शिक्षा, संस्कार और रोजगार सबसे बड़ी आवश्यकता : डॉ. सुनील शर्मा Reviewed by PSA Live News on 8:20:00 pm Rating: 5

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