सुभाष बराला बोले— "बुजुर्गों की संस्कृति, खान-पान और मेहनत से आ रहे पदक"; विधायक सेलवाल ने उठाई 'मीनू धतरवाल की तरह भेदभाव न करने' और खेल मैदान निर्माण की मांग
विशेष विस्तृत रिपोर्ट — हिसार (राजेश सलूजा)। जापान में आयोजित 20वें एशियाई खेलों में भारतीय महिला कबड्डी टीम का प्रतिनिधित्व करते हुए देश के लिए स्वर्ण पदक जीतने वाली उकलाना विधानसभा हलके के गांव हसनगढ़ की प्रतिभाशाली खिलाड़ी निकिता नैन का उनके गृह नगर में ऐतिहासिक एवं भव्य नागरिक अभिनंदन किया गया। नैन खाप और ग्राम पंचायत हसनगढ़ के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस नागरिक सम्मान समारोह में हरियाणा सरकार के वरिष्ठ राजनीतिक दिग्गजों, प्रशासनिक पदाधिकारियों, खाप पंचायतों के प्रतिनिधियों और क्षेत्र के सैकड़ों ग्रामीणों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम के दौरान जहाँ एक तरफ निकिता नैन की इस स्वर्णिम उपलब्धि पर पूरे हलके में भारी उत्साह देखने को मिला, वहीं दूसरी तरफ गांव में बुनियादी खेल मैदान और खेल संसाधनों के अभाव का मुद्दा गूंजा। इसके साथ ही अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक लाने वाली अन्य खिलाड़ियों के साथ सरकार की खेल नीति के क्रियान्वयन में हो रहे कथित भेदभाव को लेकर राजनीतिक तीखी बहस भी देखने को मिली।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे राज्यसभा सांसद सुभाष बराला ने एशियन गेम्स में तिरंगा लहराने वाली बेटी निकिता नैन को बधाई दी और पुष्पगुच्छ व स्मृति चिह्न देकर उन्हें सम्मानित किया। उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए सुभाष बराला ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय खेल मंचों पर हरियाणा की बेटियों का लगातार शानदार प्रदर्शन पूरे प्रदेश और क्षेत्र के लिए अत्यंत गौरव का विषय है। उन्होंने खिलाड़ियों की सफलता का श्रेय राज्य की पारंपरिक जीवनशैली को देते हुए कहा कि हमारे बुजुर्गों की समृद्ध संस्कृति, जैविक खान-पान, पारंपरिक पौष्टिक आहार और राज्य सरकार द्वारा दिए जा रहे निरंतर प्रोत्साहन के कारण ही हमारे खिलाड़ी कड़ी धूप में पसीना बहाकर विश्वस्तरीय प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। इसी का सुखद परिणाम है कि ओलंपिक, एशियन गेम्स और राष्ट्रमंडल खेलों में भारत की पदक तालिका लगातार समृद्ध हो रही है। बराला ने आगे सांस्कृतिक और ऐतिहासिक चेतना पर जोर देते हुए कहा कि सभ्यता और विकास का साथ-साथ चलना अनिवार्य है। उन्होंने विश्व प्रसिद्ध हड़प्पाकालीन स्थल राखीगढ़ी के ऐतिहासिक महत्व का उल्लेख करते हुए कहा कि आज पूरी दुनिया हमारी प्राचीन विरासत का लोहा मान रही है, इसलिए युवा पीढ़ी को अपने गौरवशाली इतिहास और सनातन संस्कृति से जोड़ना समय की मुख्य मांग है। उन्होंने माता-पिता से अपने बच्चों को पर्याप्त समय देने का आह्वान किया ताकि घरों से निकिता जैसी प्रतिभावान बेटियां निकलकर देश का नाम रोशन कर सकें।
सम्मान समारोह के दौरान गांव में खेल सुविधाओं की जमीनी हकीकत और बुनियादी कमियों का मुद्दा उस समय गरमा गया जब गांव के युवा खिलाड़ी मनजीत नैन ने मंच से अपनी मांग रखी। मनजीत नैन ने सीधे तौर पर जनप्रतिनिधियों का ध्यान आकर्षित करते हुए कहा कि यह बेहद गर्व की बात है कि हसनगढ़ गांव की बेटी निकिता नैन ने लगातार दूसरी बार एशियाई खेलों में देश के लिए स्वर्ण पदक जीता है, लेकिन विडंबना यह है कि जिस गांव ने देश को अंतरराष्ट्रीय स्तर का चैंपियन दिया, वहां आज तक एक अदद खेल मैदान तक उपलब्ध नहीं है। उन्होंने व्यथा व्यक्त करते हुए बताया कि गांव के प्रतिभावान खिलाड़ी बिना किसी सरकारी सहायता के निजी खेतों में अभ्यास करके अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं तक पहुँच रहे हैं। उन्होंने कहा कि पहले भी निकिता के स्वर्ण पदक जीतने पर बड़ी-बड़ी बातें हुई थीं, लेकिन आज तक किसी भी नेता या अधिकारी ने गांव में खेल मैदान की बदहाली का संज्ञान लेने का प्रयास नहीं किया। मनजीत नैन ने ग्राम पंचायत और हरियाणा सरकार से पुरजोर मांग की कि हसनगढ़ में अविलंब सर्वसुविधायुक्त खेल मैदान व स्टेडियम का निर्माण कराया जाए ताकि गांव के अन्य युवाओं को भी बेहतर प्रशिक्षण मिल सके। इस मांग पर प्रतिक्रिया देते हुए सांसद सुभाष बराला ने आश्वस्त किया कि गांव की ओर से पंचायत जो भी प्रस्ताव भेजेगी, उसे प्राथमिकता के आधार पर पूरा करवाया जाएगा और स्टेडियम व अन्य खेल संसाधनों की कोई कमी नहीं रहने दी जाएगी।
उकलाना क्षेत्र से कांग्रेस विधायक नरेश सेलवाल ने भी कार्यक्रम में पहुंचकर निकिता नैन को उनकी ऐतिहासिक सफलता के लिए शुभकामनाएं दीं। हालांकि, इसके साथ ही उन्होंने हरियाणा सरकार की खेल नीति और पदक विजेता खिलाड़ियों को प्रोत्साहन देने की प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए। विधायक सेलवाल ने मंच से मांग रखी कि राज्य सरकार निकिता नैन को तुरंत तय नीति के अनुसार नकद पुरस्कार राशि प्रदान करे तथा उन्हें पुलिस उपाधीक्षक (DSP), पुलिस निरीक्षक या अन्य समकक्ष राजपत्रित पद पर सीधी नियुक्ति दे। सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए सेलवाल ने अपने हलके की ही एक अन्य प्रतिभावान खिलाड़ी मीनू धतरवाल का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि करीब डेढ़ वर्ष पूर्व विश्व खो-खो प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतने वाली मीनू धतरवाल आज भी सरकारी उपेक्षा का शिकार है। उसे आज तक न तो कोई नकद पुरस्कार दिया गया है और न ही कोई रोजगार मिला है। सेलवाल ने कहा कि वे इस मामले को हरियाणा विधानसभा में तीन बार उठा चुके हैं, लेकिन सरकार के कान पर जूं तक नहीं रेंगी। उन्होंने पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार की ‘पदक लाओ, पद पाओ’ नीति का हवाला देते हुए मांग की कि सरकार खिलाड़ियों के बीच किसी भी प्रकार का राजनीतिक या क्षेत्रीय भेदभाव न करे और निकिता के मामले में मीनू धतरवाल जैसी उपेक्षा न दोहराई जाए।
समारोह में विशिष्ट अतिथि के तौर पर शामिल हुईं हरियाणा राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष उषा प्रियदर्शनी ने कहा कि निकिता नैन की यह स्वर्णिम सफलता पूरे देश की महिला शक्ति की जीत है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण आबोहवा से निकलकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का प्रतिनिधित्व करना और स्वर्ण पदक जीतना यह साबित करता है कि हरियाणा की बेटियों में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। वहीं, महिला वित्त आयोग की अध्यक्ष सुनीता डांगी ने निकिता को बधाई देते हुए कहा कि भारत ने 20वें एशियाई खेलों में कुल 85 पदक हासिल किए हैं, जिनमें से एक अमूल्य स्वर्ण पदक निकिता के खाते से आया है। उन्होंने निकिता के साथ-साथ उनके प्रशिक्षकों सुनीता डबास और रघुवीर सिंह के योगदान की भी सराहना की। भारतीय जनता पार्टी की जिलाध्यक्ष आशा खेदड़ ने अपने संबोधन में कहा कि एक समय था जब ग्रामीण क्षेत्रों में बेटियों के नाम तक लेने में संकोच किया जाता था, लेकिन आज निकिता जैसी बेटियां अपने गांव, प्रदेश और देश का नाम पूरे विश्व में ऊंचा कर रही हैं, जिसने समाज की पुरानी सोच को बदलने का काम किया है।
इस भव्य अभिनंदन समारोह का कुशल संयोजन नैन खाप के राष्ट्रीय अध्यक्ष रघुवीर नैन के नेतृत्व में संपन्न हुआ। नैन खाप की ओर से निकिता नैन को पगड़ी और स्मृति चिह्न भेंटकर विशेष नागरिक सम्मान से नवाजा गया। गांव की महिला सरपंच मोनिका धारीवाल ने समारोह में पधारे सभी अतिथियों, राजनीतिक प्रतिनिधियों व ग्रामीण जनसमूह का धन्यवाद एवं स्वागत किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के पूर्व ओएसडी कैप्टन भूपेंद्र सिंह, पूर्व मंत्री अनूप धानक, नरेश नैन, संदीप नैन, शमशेर भूरिया, धूप सिंह, बलवान नैन, सरपंच प्रतिनिधि राजकुमार नैन (लितानी), रोहित कुमार, सुनील चहल, संदीप नैन, गंगा सिंह नैन तथा राजकीय विद्यालय के मुख्य अध्यापक सत्यनारायण सहित सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण एवं खेल प्रेमी उपस्थित रहे।
Reviewed by PSA Live News
on
11:09:00 pm
Rating:

कोई टिप्पणी नहीं: