ब्लॉग खोजें

पटना में अविश्वसनीय नेताओं का जमघट, सपना देखने से कोई प्रधानमंत्री नहीं बन जाता : बाबूलाल मरांडी

 


रांची । भाजपा विधायक दल के नेता सह पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने पटना में विपक्षियों के महाजुटान पर कटाक्ष करते हुए कहा है कि सपना देखना कोई बुरी बात नहीं है पर सपना देखने से कोई प्रधानमंत्री नहीं बन जाता। उन्होंने कहा कि पटना में जितने भी नेताओं का जमघट लगा है, चाहे वे लालू यादव हो, ममता बनर्जी हो, अरविन्द केजरीवाल हों या हेमंत सोरेन, सभी लोग जनता के बीच अपनी विश्वसनीयता पूरी तरह खो चुके हैं। झारखंड के हेमंत सोरेन को ही लीजिए। उन्होंने साढ़े तीन सालों में जो लूट मचाई है, वह किसी से छुपा नहीं है। बालू , पत्थर, कोयला यहां तक कि जमीन को इस सरकार ने नहीं छोड़ा। अब ऐसे लोगों के चुनाव में आने से जनता कितनी प्रभावित होगी, खुद उम्मीद लगा लीजिए। उन्होंने दावा किया कि जिसे जितना जोर लगाना है लगा लें, 2024 में पुनः केंद्र में नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एनडीए की सरकार बनेगी।तिसरी के कोदईबांक स्थित अपने पैतृक आवास पर शुक्रवार को श्री मरांडी द्वारा आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान पत्रकारों के साथ बातचीत में उन्होंने उक्त बातें कही।

श्री मरांडी ने जनसमस्याओं पर सरकार और सरकारी अफसरों द्वारा उदासीन रवैया अपनाए जाने को लेकर भी सवाल खड़े किए। मीडियाकर्मियों से बातचीत के दौरान उन्होंने बताया कि बेलवाना से मनसाडीह जाने वाली मुख्य सड़क की स्थिति पूरी तरह से जर्जर हो चुकी है।15 वर्षों पहले बने इस सड़क पर लोगों का पैदल चलना तक दुभर हो गया है।

इस संबंध में उन्होंने कई बार विभाग और मुख्य सचिव व सचिव जैसे अधिकारियों को भी पत्र लिखकर अवगत कराया लेकिन विभाग और अधिकारी द्वारा इस पर मौन साध रखा गया है। इसके अलावे गांवा प्रखंड के गदर और कहुवाय के बीच वन विभाग की अड़चन से सड़क निर्माण कार्य बाधित है। वहीं तिसरी के बेलवाना स्थित स्टोन माइंस में पत्थरों के उत्खनन से बगल से गुजरी बेलवाना - मनसाडीह मुख्य सड़क पूरी तरह प्रभावित हुई है। सड़क बिलकुल रसातल में जा चुकी है। इतना ही नहीं माइनिंग से सड़क की निचली सतह भी टूटती जा रही है, जिससे सड़क पर दरारें पड़ने लगी है।उन्होंने बताया कि इस संबंध में भी उन्होंने सचिव और माइनिंग अफसर को जानकारी देते हुए सड़क की ओर किए जाने वाले उत्खनन को रोकने की मांग की थी लेकिन विभाग और पदाधिकारीयों दोनों की उदासीनता से यह प्रतीत हो रहा है कि सरकार नहीं चाह रही है कि क्षेत्र में विकास कार्य हो।बाबूलाल ने कहा कि 30 जून को महाजनसंपर्क अभियान की समाप्ति के बाद ग्रामीणों व कार्यकर्ताओं के साथ झारखण्ड सचिवालय स्थित सचिव के दफ्तर का घेराव कर धरना प्रदर्शन करेंगे। इसके लिए उन्होंने बकायदा हर एक गांव से पांच लोगों को इसमें शामिल होने का आह्वान भी किया है। 

मीडियाकर्मियों से सवाल - जवाब  के दौरान उन्होंने राज्य सरकार द्वारा उनकी बातों को गंभीरता से नहीं लिए जाने के सवाल पर कहा कि भ्रष्टाचार और जनहित के मुद्दों को लेकर वे कई बार सरकार को पत्र लिख चुके हैं लेकिन सरकार ने ध्यान नहीं दिया जिसका नतीजा है कि कई बड़े अधिकारी सलाखों के पीछे हैं। हेमंत सोरेन भी लाइन में हैं। किसी दिन हेमंत सोरेन खुद होटवार चले जाएं तो कोई आश्चर्य की बात नही।जे पी नड्डा के कार्यक्रम में जेएमएम द्वारा केवल पांच हजार की भीड़ कहे जाने की बात पर बाबूलाल ने कहा कि यदि भीड़ पांच हजार ही थी तो विरोधी को चिंता क्यों हैं। पांच हजार की भीड़ में ही वे लोग इतने परेशान हो गए।प्रेस वार्ता में मुख्य रूप से सांसद प्रतिनिधि मनोज यादव, भाजपा नेता रामचंद्र ठाकुर, देवेंद्र गुप्ता, राजू यादव, मदन यादव, अनासियस हेमब्रोम,सुनील यादव, गोपी रविदास सरीखे लोग शामिल थे।

पटना में अविश्वसनीय नेताओं का जमघट, सपना देखने से कोई प्रधानमंत्री नहीं बन जाता : बाबूलाल मरांडी पटना में अविश्वसनीय नेताओं का जमघट, सपना देखने से कोई प्रधानमंत्री नहीं बन जाता : बाबूलाल मरांडी Reviewed by PSA Live News on 8:44:00 pm Rating: 5

कोई टिप्पणी नहीं:

Blogger द्वारा संचालित.