राँची। जिले के अनगड़ा थाना क्षेत्र अंतर्गत महेशपुर गांव में रविवार को उस समय तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई, जब कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा सरना स्थल पर लगे पवित्र सरना झंडे को उखाड़कर फेंक दिया गया। यह घटना आदिवासी समाज की धार्मिक आस्था से जुड़ी होने के कारण क्षेत्र में तेजी से आक्रोश फैल गया।
घटना की सूचना मिलते ही महेशपुर सहित आसपास के कई गांवों से बड़ी संख्या में आदिवासी समाज के लोग सरना स्थल पर एकत्रित हो गए। लोगों में गहरी नाराजगी देखी गई और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठने लगी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए क्षेत्र में तनावपूर्ण माहौल बन गया।
मामले की जानकारी मिलते ही प्रशासन हरकत में आया। सिल्ली डीएसपी के नेतृत्व में अनगड़ा समेत कई थानों की पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को संभालने में जुट गई। पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों से बातचीत कर उन्हें शांत कराया और किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की।
प्रशासन और स्थानीय जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में सरना स्थल की गरिमा को पुनः स्थापित करते हुए झंडों को सम्मानपूर्वक फिर से लगाया गया। इसके बाद धीरे-धीरे स्थिति सामान्य होने लगी।
पुलिस ने आश्वासन दिया है कि इस घटना में शामिल असामाजिक तत्वों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि धार्मिक स्थलों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाए जाएं, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
कोई टिप्पणी नहीं: